नई दिल्ली: देश की सरकारी तेल कंपनियों ने सितंबर महीने की पहली तारीख को रसोई गैस की कीमतों में बड़ा बदलाव किया है. आज से 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ा दिए गए हैं. हालांकि, आम जनता के लिए राहत की बात यह है कि घरों में इस्तेमाल होने वाले 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है.
महानगरों में कमर्शियल सिलेंडर के नए दाम
कीमतों में हुई इस बढ़ोतरी के बाद देश के प्रमुख महानगरों में आज से नई दरें लागू हो गई हैं:
- दिल्ली: राजधानी में कमर्शियल सिलेंडर अब 9.50 रुपये महंगा होकर 2,747.50 रुपये का हो गया है.
- मुंबई: आर्थिक राजधानी में उपभोक्ताओं को अब इसके लिए 2,701 रुपये चुकाने होंगे.
- चेन्नई: दक्षिण के इस महानगर में अब नया दाम बढ़कर 2,916.50 रुपये हो गया है.
- अन्य शहर: कोलकाता, हैदराबाद और भुवनेश्वर जैसे शहरों में स्थानीय टैक्स के कारण कीमतों में 11.50 रुपये तक की वृद्धि देखी गई है.
आम जनता और व्यापारियों पर असर
जुलाई और अगस्त में लगातार दो महीने कटौती के बाद कमर्शियल गैस के दामों में यह पहली बढ़ोतरी है. इस बदलाव का सीधा असर बाजार पर इस प्रकार दिखेगा:
घरेलू बजट सुरक्षित: 14.2 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम स्थिर रहने से त्योहारों के इस सीजन में आम परिवारों का बजट नहीं बिगड़ेगा.
छोटे व्यापारियों पर दबाव: होटल, रेस्तरां, ढाबा और चाय-नाश्ते की दुकान चलाने वाले छोटे दुकानदारों की लागत थोड़ी बढ़ जाएगी.
महंगाई की संभावना कम: बाजार जानकारों का मानना है कि बढ़ोतरी मामूली है, इसलिए बाहर खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने की उम्मीद कम है.
क्यों बदले गैस के दाम?
तेल कंपनियां हर महीने की पहली तारीख को एलपीजी की नई दरों की घोषणा करती हैं. यह बदलाव अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की स्थिति को देखने के बाद किया जाता है. वैश्विक स्तर पर गैस की कीमतों में आए उतार-चढ़ाव की वजह से ही आज कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ाए गए हैं. त्योहारों के इस मौसम में सरकार और तेल कंपनियों ने घरेलू गैस की कीमतें न बढ़ाकर मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों को बहुत बड़ी राहत दी है, जिससे बाजारों में रौनक बनी रहने की उम्मीद है.